Recent Posts

धान की उन्नत किस्म ‘विक्रम–टी.सी.आर.’ पर प्रक्षेत्र दिवस का आयोजन किसानों से अधिक क्षेत्र में ‘विक्रम–टीसीआर’ की खेती करने का किया गया आग्रह इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के विशेषज्ञों ने दी उच्च उत्पादकता की तकनीकी जानकारी

1 min read
Default Image

बिलासपुर // कृषि विज्ञान केन्द्र, बिलासपुर द्वारा बी.ए.आर.सी.- आई.जी.के.वी. के सहयोग से विकसित धान की उत्परिवर्तित किस्म‘विक्रम–टी.सी.आर.’ के व्यापक प्रसार हेतु एक दिवसीय प्रक्षेत्र दिवस (Field Day) का आयोजन कृषि महाविद्यालय में किया गया। जहां मुख्य अतिथि के रूप में भाभा परमाणु अनुसंधान केन्द्र (BARC)जैव विज्ञान समूह, मुंबई के निदेशक, डॉ. पी.ए. हसन मौजूद थे।

कृषि महाविद्यालय सभागार में आयोजित कार्यक्रम में डॉ. पी.ए. हसन ने बताया कि विक्रम–टी.सी.आर. धान की किस्म पारंपरिक किस्मों की तुलना में अधिक उपज देने वाली, रोगरोधी, कम अवधि में तैयार होने वाली तथा मध्यम ऊँचाई की है। उन्होंने कहा कि यह किस्म फसल के गिरने की समस्या को रोकते हुए किसानों को बेहतर उत्पादन का अवसर प्रदान करती है।

डॉ. ए.डी. बलाल, प्रमुख, परमाणु कृषि एवं जैवप्रौद्योगिकी प्रभाग, बार्क, मुंबई ने बताया कि बार्क द्वारा धान के साथ-साथ दलहन एवं तिलहन फसलों की नई उन्नत किस्में भी विकसित की जा रही हैं, जिन्हें शीघ्र ही किसानों के लिए उपलब्ध कराया जाएगा।

डॉ. बी.के. दास, प्रमुख, केन्द्रीय सुधार अनुभाग, NA&BTD, बार्क, मुंबई ने कृषकों से अधिक से अधिक क्षेत्र में विक्रम–टी.सी.आर. धान की खेती करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि इस किस्म से अधिक उपज और बेहतर लाभ प्राप्त किया जा सकता है। डॉ. दीपक शर्मा, प्राध्यापक एवं प्रमुख, पादप प्रजनन एवं अनुवांशिकी विभाग, इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय, रायपुर ने किसानों को इस किस्म से उच्च उत्पादकता प्राप्त करने की तकनीकी विधियों की जानकारी दी। डॉ. एन.के. चौरे, अधिष्ठाता, कृषि महाविद्यालय, बिलासपुर ने अन्य धान किस्मों की तुलना में विक्रम–टी.सी.आर. की विशेषताओं एवं कृषि महत्त्व पर प्रकाश डाला।

कार्यक्रम में डॉ. एस.एल. स्वामी, अधिष्ठाता, कृषि महाविद्यालय, लोरमी तथा डॉ. संजय वर्मा, मुख्य वैज्ञानिक, क्षेत्रीय कृषि अनुसंधान केन्द्र, बिलासपुर ने भी कृषकों को इस उन्नत किस्म को अपनाने के लिए प्रेरित किया।प्रगतिशील कृषक श्री राघवेन्द्र सिंह चंदेल को विक्रम–टी.सी.आर. धान किस्म के प्रचार-प्रसार में उल्लेखनीय योगदान के लिए प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर कृषि विज्ञान केन्द्र, बिलासपुर के वैज्ञानिक डॉ. शिल्पा कौशिक, डॉ. एकता ताम्रकार, इंजीनियर पंकज मिंज, डॉ. निवेदिता पाठक, डॉ. चंचला रानी पटेल, श्रीमती सुशीला ओहदार, श्रीमती हेमकांति बंजारे, डॉ. स्वाति शर्मा, श्री संतोश वर्मा, श्री इंद्रराम पटेल सहित कृषि विभाग के ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी एवं अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।कार्यक्रम का आयोजन कृषि विज्ञान केन्द्र की वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. गीत शर्मा के मार्गदर्शन में सम्पन्न हुआ।

About The Author

More Stories

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *