बिलासपुर पुलिस अत्यधिक अलर्ट मोड पर। जिले के साथ-साथ शहर की कानून व्यवस्था में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राजनेश सिंह प्रतिदिन कानून व्यवस्था की कर रहे हैं मॉनिटरिंग : तपन गोस्वामी [एडिटर इन चीफ ]
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बिलासपुर (18 सितंबर 2025) [तपन गोस्वामी द्वारा] पिछले 6 माह से बिलासपुर पुलिस एवं जिला पुलिस बल जिस तरह से मल्टी एंगल क्राइम पर प्रहार कर रही है उसे आदतन बदमाशों के साथ ही शहर एवं शहर के बाहर खतरनाक अपराधियों की हालत पस्त हो रही है। प्रतिदिन अपराधियों के ठिकानों पर पुलिस के छापे आपत्तिजनक वस्तुओं के साथ गुंडे बदमाश पुलिस के पकड़ में आ रहे हैं। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राजनेश सिंह सिंह ने जिले में अचानक बढ़ते अपराधों को सूक्ष्मता से अध्ययन करने पर पाया कि सामान्य से लेकर खतरनाक अपराधों के पीछे नशा ही महत्वपूर्ण फैक्टर है। तो इस पर एस एस पी श्री सिंह ने नशे के सौदागरों पर जबर्दस्त प्रहार की तो भारी मात्रा में अब तक के सारे रिकॉर्ड ब्रेक करने वाले गांजा, नशीली प्रतिबंध कफ सिरप, एल एस डी का जखीरा बरामद किया गया। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि नशे के सामग्रियों के काले धंधे से जो संपत्तियां बनाई गई थी उसे कुर्की कर एनडीपीएस की धारा 68 एफ लगाकर प्रकरण को सफेमा कोर्ट मुंबई भेज दिया गया। शहर में एनडीपीएस का एक बड़ा प्रकरण अजय चक्रवर्ती का था जिसे हिरासत में लेकर उसकी करोड़ की संपत्ति जप्त की गई। बिलासपुर पुलिस मल्टी एंगल क्राइम का खत्म करने के लिए कृत संकल्प है। वर्तमान में जो टीम बनी है उसमें स्पेशल क्राइम इन्वेस्टिगेशन के एक्सपर्ट, नारकोटिक्स एक्सपर्ट, प्रॉपर्टी बेस्ड इन्वेस्टिगेशन एक्सपर्ट, साइबर क्राइम एक्सपर्ट को शामिल किया गया है। अब बिलासपुर पुलिस जेल से छूटे हुए खतरनाक बदमाशों, गंभीर आरोपों में फरार वारंटीयो , अन्य प्रांतो से आकर रह रहे संदिग्धों पर अपने जासूसी नजर बनाए हुएहैं। आसन्न पर्बो पर बदमाशों द्वारा उपद्रव मचाने की हिमाकत करने वालो के हाथ पाव में माल्टीपल फ्रैक्चर होना तय है। ( ब्यूरो रिपोर्ट जासूसी नजर न्यूज़ नेटवर्क )

