*रेल्वे बोर्ड का अहम निर्णय। भारी घोटाले को देखते हुए, देशभर के सभी लंबित डीपीसी चयन होंगे रद्द। डीपीसी अब होंगे आरआरबी के माध्यम से। बिलासपुर रेल्वे विजिलेंस में 22 फाइलें है पेंडिंग। अनुकंपा नियुक्ति पर कोर्ट के फर्जी डाइवोर्स पेपर के आधार पर कई महिलाएं कर रही है रेल्वे में नौकरी। विजिलेंस एक्शन में : तपन गोस्वामी [एडिटर इन चीफ ]*
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बिलासपुर (06मार्च 2025) [तपन गोस्वामी द्वारा] केंद्र सरकार के उपक्रमों में अब भ्रष्टाचार करना आसान नहीं होगा। वर्तमान में भ्रष्टाचार की बात तो छोड़िए पुराने भ्रष्टाचार की फाइलें भी खुलनी शुरू हो गई। अभी तक ऐसा होता था कि चाहे नई नौकरी हो या विभागीय प्रमोशन की बात तो रेल्वे के सभी जोनों में खुले आम कई करोड़ के लेनदेन होती थी। और बिना मेहनत या पढ़ाई किए बिना एक क्लर्क डीपीसी देकर अधिकारी बन जाते थे। और जो योग्य कर्मचारी है वे एक बड़ी रकम घुस न दे पाने की स्थिति में अधिकारियों द्वारा रिजेक्ट कर दिया जाता था। परंतु अब ऐसा नहीं है केंद्र सरकार की सभी उपक्रमों एवं कार्यालय में केंद्र सरकार की जासूसी नजरे घूम रही है। और इसी जासूसी नजर ने रेल्वे के नियमित स्टाफ के विभागीय चयन हेतु मुगलसराय में पेपर लीक करने वाले 26 रेल अधिकारियों को सीबीआई ने एक करोड़ 17 लाख रुपए नगद के साथ गिरफ्तार किया। और इसके साथ ही देश भर के सभी लंबित विभागीय चयन परीक्षा रद्द कर दिया गया है। इससे करीब 6 लाख कर्मचारी प्रभावित होंगे। मुगलसराय में घटित डीपीसी घोटाले के बाद दिल्ली स्थित रेल मुख्यालय से यह आदेश जारी हुआ है कि अब नियमित कर्मचारियों के विभागीय चयन परीक्षा अब रेल्वे भारती बोर्ड ( आर आर बी ) से ही आयोजित किया जाएगा। अब हम आपको बिलासपुर रेल जोन में घटित अनुकंपा नियुक्ति के महा घोटाले की जानकारी दे रहे हैं। और इसमें रेल जोन के पर्सनल विभाग के कुछ बदनाम शुदा अधिकारी फर्जी आधार पर अपात्र लोगों को अनुकंपा नियुक्ति देकर करोड़ों रुपए कमा लिए हैं। नियम यह है कि वह रेल कर्मचारी जिसकी मृत्यु नौकरी रहने के दौरान हुई है उनकी अविवाहित लड़की जो की अपने मित्र पिता के आश्रता है उन्हें नौकरी मिलेगी। परंतु इनमें वह भी नौकरी प्राप्त कर सकते हैं जिन लड़कियों का डिवोर्स हो चुका है। अभी बिलासपुर रेल्वे विजिलेंस के पास इस तरह की कुछ अनुकंपा नियुक्ति से संबंधित विवादित पहले है। जिसमें मृतक आश्रित विवाहित कन्या कोर्ट से अपनी फर्जी डाइवोर्स पेपर बनाकर बिलासपुर रेल्वे में नौकरी कररहे हैं। वे रेल अधिकारियों के नजर में डिवोर्सी है। परंतु पति-पत्नी बच्चे एक ही मकान में साथ रहते हैं। बिजनेस में कुछ प्रकरणों की गोपनीय जांच शुरू कर दी है। (ब्यूरो रिपोर्ट जासूसी नजर न्यूज़ नेटवर्क)

